MP Board 9th Mathematics Coordinate Geometry Summary
यहाँ कक्षा 9 के गणित अध्याय “निर्देशांक ज्यामिति” (Coordinate Geometry) का संपूर्ण सारांश (Summary) बिंदुवार नोट्स के रूप में दिया गया है।
कक्षा 9 गणित: निर्देशांक ज्यामिति – सारांश (Summary Notes)
इस अध्याय में अध्ययन किए गए मुख्य बिंदु निम्नलिखित हैं:
- एक तल में एक वस्तु या एक बिन्दु का स्थान निर्धारण करने के लिए दो लांबिक (लंबवत) रेखाओं की आवश्यकता होती है, जिसमें एक क्षैतिज (Horizontal) होती है और दूसरी ऊर्ध्वाधर (Vertical) होती है।
- इस तल को कार्तीय तल (Cartesian plane) या निर्देशांक तल कहा जाता है और इन रेखाओं को निर्देशांक अक्ष (Coordinate axes) कहा जाता है।
- क्षैतिज रेखा को x-अक्ष और ऊर्ध्वाधर रेखा को y-अक्ष कहा जाता है।
- निर्देशांक अक्ष तल को चार भागों में बाँट देते हैं, जिन्हें चतुर्थांश (Quadrants) कहा जाता है।
- दोनों अक्षों के प्रतिच्छेद बिन्दु (जहाँ वे एक-दूसरे को काटते हैं) को मूलबिन्दु (Origin) कहा जाता है।
- y-अक्ष से किसी बिन्दु की दूरी को उसका x-निर्देशांक या भुज (Abscissa) कहा जाता है। x-अक्ष से बिन्दु की दूरी को y-निर्देशांक या कोटि (Ordinate) कहा जाता है।
- यदि एक बिन्दु का भुज
हो और कोटि
हो, तो
को उस बिन्दु के निर्देशांक कहा जाता है। - x-अक्ष पर स्थित एक बिन्दु के निर्देशांक
के रूप के होते हैं। y-अक्ष पर स्थित बिन्दु के निर्देशांक
के रूप के होते हैं। - मूलबिन्दु के निर्देशांक हमेशा
होते हैं। - एक बिन्दु के निर्देशांकों के चिह्न इस प्रकार होते हैं:
- पहले चतुर्थांश में
के रूप के होते हैं। - दूसरे चतुर्थांश में
के रूप के होते हैं। - तीसरे चतुर्थांश में
के रूप के होते हैं। - चौथे चतुर्थांश में
के रूप के होते हैं।
- पहले चतुर्थांश में
- यदि
हो, तो निर्देशांक
होगा। और यदि
हो, तो
होगा।